सोन चिरैया ब्रॉण्ड से होगी स्व-सहायता समूहों के उत्पाद की पहचान

नगरीय विकास मंत्री श्री सिंह ने किया सोन चिरैया आजीविका उत्सव का शुभारंभ

स्वास्तिक न्यूज़ पोर्टल @ भोपाल रमाकांत उपाध्याय/ 


दीनदयाल अंत्योदय राष्ट्रीय शहरी आजीविका मिशन के अंतर्गत गठित स्व-सहायता समूहों द्वारा निर्मित उत्पादों को सोन चिरैया ब्रॉण्ड के नाम से जाना जायेगा। नगरीय विकास एवं आवास मंत्री भूपेन्द्र सिंह ने यह बात शिवाजी नगर में महिला हाट-बाजार में राज्य-स्तरीय सोन चिरैया आजीविका उत्सव-2021 के शुभारंभ अवसर पर कही। उन्होंने कहा कि स्व-सहायता समूहों के उत्पादों को सोन चिरैया ब्रॉण्ड के नाम से प्रदेश और देश में नई पहचान मिलेगी। आजीविका उत्सव 31 अक्टूबर तक चलेगा।
नगरीय विकास मंत्री श्री सिंह ने कहा कि आज जहाँ पर आजीविका उत्सव आयोजित किया गया है, यह जगह हाट-बाजार के लिये आरक्षित रहेगी। यहाँ पर स्व-सहायता समूहों द्वारा निर्मित उत्पादों को विक्रय के लिये स्थान उपलब्ध कराया जायेगा।

शहरों में बनेंगे हाट-बाजार

नगरीय विकास एवं आवास मंत्री श्री सिंह ने कहा कि स्व-सहायता समूहों द्वारा निर्मित उत्पादों के विक्रय के लिये स्थान उपलब्ध कराने हेतु सभी शहरों में हाट-बाजार बनाये जायेंगे। उन्होंने कहा कि स्व-सहायता समूहों के उत्पादों के लिये मार्केट उपलब्ध करवाना हम सबकी जिम्मेदारी है।

श्री सिंह ने कहा कि राज्य-स्तरीय उत्सव में स्व-सहायता समूहों द्वारा निर्मित जो सामग्री रखी गई है, वह गुणवत्तापूर्ण है और कम कीमत पर उपलब्ध है। उन्होंने बताया कि अभी प्रदेश के नगरीय निकायों में 35 हजार स्व-सहायता समूह हैं, जिनमें 3 लाख 50 हजार महिलाएँ जुड़ी हुई हैं। श्री सिंह ने कहा कि बहनों को आत्म-निर्भर बनाने के लिये अधिक से अधिक स्व-सहायता समूह बनाये जायेंगे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री का देश को आत्म-निर्भर बनाने का संकल्प है। यह उत्सव उसी दिशा में एक कदम है। श्री सिंह ने सभी स्टॉलों में जाकर स्व-सहायता समूह के सदस्यों द्वारा निर्मित उत्पादों का अवलोकन किया और सदस्यों से समूह की गतिविधियों तथा उन्हें होने वाले लाभ के बारे में जानकारी ली।

आयुक्त नगरपालिक निगम भोपाल के.वी.एस. चौधरी ने सोन चिरैया आजीविका उत्सव के आयोजन के उद्देश्यों की जानकारी दी। इस दौरान नगर निगम भोपाल के पूर्व अध्यक्ष सुरजीत सिंह चौहान सहित अन्य जन-प्रतिनिधि उपस्थित थे।

राज्य-स्तरीय उत्सव में प्रदेश के 24 नगरीय निकायों के स्व-सहायता समूहों की महिलाओं द्वारा निर्मित उत्पादों जैसे सजावटी सामान, जरदोरी के आयटम, आर्गनिक उत्पाद, जूट के उत्पाद, ज्वेलरी, गिफ्ट आयटम, अगरबत्ती, अचार, बड़ी-पापड़, मसाले और खिलौने आदि का प्रदर्शन एवं विक्रय किया जा रहा है।

उत्सव में महिलाओं द्वारा रंगोली, चित्रकला, मेहंदी, गायन आदि कार्यक्रमों का भी आयोजन किया जायेगा। उत्सव में स्ट्रीट वेण्डर्स द्वारा तैयार किये गये स्वच्छ एवं स्वादिष्ट खाद्य पदार्थ विक्रय के लिये उपलब्ध हैं।